तानेबाज़
तब तक कोंचना, जब तक आप भड़क न जाएँ, फिर आप पर उँगली।
आप पर तंज़, और नाम मज़ाक़ का। आपकी प्रतिक्रिया ही ट्रॉफ़ी है।
मध्यमनिखरने वाले गुणसंयम
ब्राउज़र में मुफ़्त खेलेंमुफ़्त खाते से इस विरोधी के साथ प्रैक्टिस करेंइनका तरीक़ा
तानेबाज़ को ऐसी प्रतिक्रिया चाहिए जिसकी ओर उँगली उठाई जा सके। पहले एक निजी तंज़, फिर उसे मज़ाक़ का नाम, और फिर इंतज़ार। अगर आप साथ में हँस दें, तो तंज़ टिका रहता है। अगर आप भड़क उठें, तो उनकी नज़र सुनने वालों की ओर घूम जाती है, और आपका ग़ुस्सा उनके हाथ में इस बात का सबूत बन जाता है कि मुश्किल इंसान आप ही हैं। यह तरीक़ा इसलिए चलता है क्योंकि दोनों रास्ते बुरे लगते हैं: विरोध करें तो छुईमुई होने का ठप्पा, चुप रहें तो सहमति का संकेत। मज़ाक़ उनकी ढाल है, इसलिए उन्हें कभी तंज़ का बचाव उसके अपने दम पर करना ही नहीं पड़ता।
इनके बोल
अच्छा हुआ, दर्शन तो दिए। रात भारी थी, या अब चेहरा ही ऐसा है?
अरे, रिलैक्स, मज़ाक़ था। वाह। देखा? सब तुम्हारे बारे में यही तो कहते हैं।
आज कुछ ज़्यादा ही छुईमुई हो, है ना? मैंने तो बस वही कहा जो सब सोचते हैं।
क्या काम आता है
उनमें नरमी तब आती है जब आप शांत रहें और तंज़ को सीधे शब्दों में उसका नाम दें, बिना तैश के और बिना चारा निगले। बताएँ कि उन्होंने क्या कहा, कहें कि आपको यह मज़ेदार नहीं लगा, और वहीं रुक जाएँ। न भाषण, न बदले में अपमान। जब वे ज़िद करें कि वह मज़ाक़ था, तो इस पर बहस न करें कि था या नहीं। अपनी बात एक बार शांति से दोहराएँ, और बातचीत आगे बढ़ाएँ। हर शांत जवाब उनसे वह प्रतिक्रिया छीन लेता है जिसके लिए यह सब था। कुछ बारियों के बाद यह नाटक बेअसर हो जाता है, और कई लोग यह खेल छोड़ देते हैं, या मान लेते हैं कि बात हद से आगे निकल गई।
आप कहेंयह मेरी शक्ल-सूरत पर तंज़ था, और मुझे इसमें कोई हँसी नहीं आ रही। अब, प्लान की बात करें।
क्या उल्टा पड़ता है
खुलकर ग़ुस्सा दिखाना ठीक वही है जो उन्हें चाहिए, क्योंकि अब उनके पास उँगली उठाने के लिए कुछ है। जवाब में अपना तंज़ दाग़ना इसे ऐसी होड़ बना देता है जिसमें वे आपसे आगे हैं। माहौल बचाने के लिए हँसकर टाल देना उन्हें बताता है कि हद पार करने का रास्ता खुला है। यह लंबी सफ़ाई कि बात क्यों चुभी, उन्हें और मसाला दे देती है।
पता नहीं, किस तरह की बातचीत आपसे टलती रहती है? कॉन्फ़्लिक्ट स्टाइल क्विज़ दें।
स्थिति
- छोटा
रोज़ का मज़ाक़
टीम की पार्टी में एक सहकर्मी की ओर से आप पर छोटे-छोटे तंज़ कसे जा रहे हैं, और उन्हें मज़ाक़ बताया जा रहा है।
गाइड पढ़ें (अंग्रेज़ी में): How to deal with a condescending coworker
यही स्तर
- पत्थर की दीवारकुछ हाथ नहीं आता। बस इंतज़ार, जब तक आप थक न जाएँ।
- आगबबूलाहर समस्या एक आपातकाल है। ऊँची आवाज़ में।
- इमोशनल ब्लैकमेलरउनकी समस्या, आपका अपराधबोध।
- माइक्रोमैनेजरआप पर पूरा भरोसा। फिर भी हर चीज़ की दो बार जाँच।
- टोका-टाकीआपकी बात तब तक कटती रहती है, जब तक आप हार न मान लें।
- बतंगड़बाज़एक चूक, और सब कुछ ढह जाएगा।
- अफ़सरशाहनियम तो नियम हैं। ख़ासकर ग़लत वाले।